अब मुसलमानों के इस हक से भी संघियों को दिक्कत, की रोक लगाने की मांग

अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया ने  कहा कि वह हिंदुत्व अजेंडे के तहत देश में 20 करोड़ हिन्दुओं का वोट बैंक बनाएंगे।

तोगड़िया ने मुस्लिम लोगों का अल्पसंख्यक दर्जा खत्म करने और उनकी जनसंख्या पर रोकथाम के लिए दो बच्चों की नीति की भी मांग की है। तोगड़िया ने मंगलवार को जयपुर में मीडिया से बात करते हुए कहा कि पिछले वर्ष देश में 32 हजार से अधिक दुष्कर्म और दुष्कर्म के प्रयास के मामले सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि देश का किसान आत्महत्या कर रहा है, युवा बेरोजगार हैं और सीमाओं पर सैनिक पत्थरबाजों की समस्याओं से जूझ रहे हैं, जिस पर ध्यान देने की आवश्यकता है।

तोगड़िया ने कहा कि वह संगठन के माध्यम से देश के 20 करोड़ हिन्दुओं तक पकड़ बनाकर वोट बैंक के जरिए राजनीति को लोकतांत्रिक तरीके से प्रभावित करेंगे।

उन्होंने कहा कि करदाताओं से वसूले गए धन को अल्पसंख्यकों पर ही खर्च नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि उस धन का उपयोग सभी गरीबों और जरूरतमंदों के कल्याण के लिए किया जाना चाहिए।

कौन है तोगड़िया

उन्हें १९७९ में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्वयंस्वेकों का मुख्य मार्गदर्शक केवल २२ वर्ष की उम्र में चुना गया। उन्हें उनके उत्तेजक और गर्म बयानों के लिए जाना जाता है।

हिंदुत्व की व्याख्या का ये उदहारण समेत सटीक विवरण देते है। ये सौराष्ट्र के पटेल है, किसान के बेटे है, ये अहमदाबाद में पढाई के लिए आये थे। ये चाल में रहते थे पर पढाई में हमेशा अव्वल आते थे।

बचपन में एक बार उन्हें सोमनाथ मंदिर में जाने का अवसर प्राप्त हुआ (सोमनाथ के पुनरुद्धार से पहले), जब उन्होंने सोमनाथ के ध्वस्त अवशेष देखे तो उनके जीवन की दिशा ही बदल गयी और वे हिन्दुतत्व के पुनरुद्दार में लग गए। ये युवा अवस्था में ही राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से जुड़ गए थे।

रामेश्वर पालीवाल, एक आरएसएस प्रचारक संघ के मार्गदर्शन मे युवा तोगड़िया ने स्वयं सेवक के रूप में अपना जीवन शुरू किया।

विश्व हिन्दू परिषद के कार्यकर्मो में व्यस्त रहने के बावजूद भी ये महीने में एक सप्ताह रोगियों की जाँच के लिए देते है। तोगडिया के मुताबिक हिन्दू मजबूत और सैन्य स्थिति में होने के बावजूद सभी धर्मो को सामान दृष्टि से देखता है।