विडियो : संयुक्त राष्ट्र की इस रिपोर्ट में सामने आयी इजराइल की हैवानियत, अब तक इतने बच्चो की हत्या

जेनेवा : यूनिसेफ के मुताबिक, 30 मार्च से प्रदर्शन के दौरान गाजा पट्टी में घेराबंदी के पास इज़राइली बलों ने 1,000 से ज्यादा बच्चों को घायल किया है। इनमें से कई घाव गंभीर हैं जिसकी वजह से उन्हें जिंदगी और मौत से जुझना पड़ रहा है। यूनिसेफ ने एक बयान में कहा, “गाजा पट्टी में पहले से ही कमजोर स्वास्थ्य प्रणाली मौजुद थी लेकिन हालिया हिंसा ने उसे और बढ़ा दिया है, जो ईंधन, दवा और उपकरणों की कमी के कारण लोगों की जींदगीयां टूट रही हैं।”

यूनिसेफ और उसके सहयोगियों ने बुधवार को लगभग 70,000 लोगों के लिए तत्काल चिकित्सा आपूर्ति के दो ट्रक लोड के साथ गाजा पट्टी को प्रदान किया। 14 मई को, गाजा पट्टी में इज़राइल और फिलिस्तीन के बीच हुए हालिया संघर्षों में, कम से कम 62 फिलिस्तीनी प्रदर्शनकारियों ने अपनी जान गंवाई और सौ से ज्यादा घायल हो गए।

मध्य गाजा में अल-बूरिज शरणार्थी शिविर की पूर्वी सीमा पर इजरायली सैनिकों ने अज्ञात फिलिस्तीनियों की हत्या कर दी थी। गाजा पट्टी की पूर्वी सीमा पर नकाबा सालगिरह मनाने के लिए और तेल अवीव से अमेरिकी दूतावास के स्थानांतरित होने का विरोध करने के लिए बड़ी संख्या में फिलिस्तीनी इकट्ठा हुए थे।

बता दें कि यह हिंसा यरुशलम में अमेरिकी दूतावास के उद्घाटन के मद्देनजर हुई, जिसमें राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप, उनके दामाद जेयर्ड कुशनर और वित्त मंत्री स्टीवन नुचिन के नेतृत्व में अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल ने हिस्सा लिया था। बीबीसी के मुताबिक, इजरायली पुलिस और गुस्साए प्रदर्शनकारियों के बीच में हिंसक झड़प हुई।

प्रदर्शनकारिरयों ने नए दूतावास के बाहर फिलीस्तीन के झंडे लहराए। इस दौरान कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में भी ले लिया गया। इस बीच तुर्की और दक्षिण अफ्रीका ने इस घटना की निंदा की और अपने-अपने राजदूतों को इजरायल से वापस बुलाने की घोषणा की।