KFC पर शौक से चिकन और मीट खाने वालो के लिए एक बुरी ख़बर

KFC चंद पैसो के लिए अपने मुसलमान ग्राहकों को धोखा दे रहा है और इमान के साथ भद्दा खिलवाड़ कर रहा है,इस बात खुलासा हुआ हैं कि KFC द्वारा परोसा गया चिकन हलाल नहीं होता हैं।

भोपाल में एक पत्रकार की स्वतन्त्रित जांच के अनुसार इस बात खुलासा हुआ हैं कि KFC द्वारा परोसा गया चिकन हलाल नहीं होता, अनम इब्राहीम का कहना हैं कि KFC अपने ग्राहकों को हलाल चिकन का प्रमाणपत्र दिखा कर हराम चिकन खिला रहा हैं और उनको हलाल चिकन के नाम पर धोका दे रहा हैं।

HARAM MEAT

इब्राहीम ने जांच कि शुरुआत में भारत के मध्यप्रदेश प्रान्त की राजधानी भोपाल स्थित DB मॉल के KFC आउटलेट पहुंचे जहा उन्होंने आउटलेट के मेनेजर से पुछा कि, क्या यह चिकन हाल हैं या नहीं, फलस्वरूप KFC के मेनेजर ने इब्राहीम को हलाल चिकन होने का प्रमाणपत्र की फोटो कॉपी दिखाई। जिसको मुम्बई के मुफ़्ती अनवर खान ने ‘वेंकेय्स’ को जारी किया था।

लेकिन गौर करने वाली बात यह रही कि प्रमाणपत्र पर कही भी KFC का नाम नहीं मौजूद था, जिसके बाद इब्राहीम ने अपनी जांच जारी रखी। और वह पूछताछ करने के लिए वेंकेय्स कंपनी पहुँच गया जहा पूछताछ के बाद इब्राहीम को पता चला कि KFC के साथ उनका टाई-उप तीन साल पहले ही समाप्त हो चूका हैं।

BOYCOTT KFC

इस जानकारी को प्राप्त करने के बाद इब्राहीम मुफ़्ती अनवर खान से पुछताछ के लिए मुम्बई पहुंचे। मुफ़्ती अनवर ने बताया कि मैंने हलाल का प्रमाणपत्र चेन्नई की वेंकेय्स कंपनी को दिया था जो हर रोज़ 1000 से अधिक चिकन का पुने में स्लाउटर्स करते हैं।

इसके साथ इब्राहीम की जांच जारी रही जहा इब्राहीम को पता चला कि KFC यह हराम चिकन मुम्बई की गोदरेज कंपनी से लयति हैं।

KFC LOGO

इस सभी सूचनाओ के बाद इब्राहीम सहित अन्य आठ लोगो ने पुलिस में KFC के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई हैं। इस शिकायत पत्र में बताया गया हैं कि क़साईख़ाने चिकन को काटने के लिए मशीनों का प्रयोग कर रहे हैं जबकि इसको हाथ से वध करने पर यह हलाल होता हैं।

इस पत्र में यह भी बताया गया कि वेंकेय्स कंपनी को 1000 चिकन को वध करने का प्रमाणपत्र मिला था जबकि KFC के एक आउटलेट की बिक्री इससे कई गुना ज़्यादा हैं।