आईएएस यूनुस और आईपीएस अंजुम की जोड़ी ने लिया शहीद परमजीत की बेटी को गोद

पिछले दिनों जम्मू-कश्मीर के पुंछ में शहीद हुए और पाकिस्तानी सैनिकों की बर्बरता का शिकार हुए जवान नायब सूबेदार परमजीत सिंह के परिवार के लिए एक आईएस-आईपीएस दंपति मसीहा बन कर आया है। शहीद जवान परमजीत सिंह की बेटी को हिमाचल के एक आईएस-आईपीएस दंपती ने गोद लेने का फैसला किया है।

शहीद जवान की 12 वर्षीय बेटी को गोद लेकर इस दंपति ने एक बेहतरीन मिसाल पेश की है। ये दंपति जवान की बेटी खुशदीप कौर की पढ़ाई से लेकर शादी तक का खर्च उठाएगी।

अपनी कार्यप्रणाली को लेकर चर्चित अधिकारियों में शुमार युनूस जनता के लिए दिन-रात हाजिर रहते हैं। वहीं, उनकी धर्मपत्नी व 2011 बैच की आईपीएस अधिकारी अंजुम आरा वर्तमान में जिला सोलन में एसपी के पद पर तैनात हैं। हिमाचल में अधिकारी दंपति को यूथ आइकन के तौर पर देखा जा रहा है। युवाओं में दोनों अधिकारी खूब चर्चित हैं।

कुल्लू जिले के उपायुक्त पद पर तैनात IAS अधिकारी युनूस खान और उनकी IPS पत्नी अंजुम आरा ने शहीद परमजित सिंह के बलिदान को श्रद्धांजलि के रूप में बेटी खुशदीप कौर की जिम्मेदारी उठाने का फैसला लिया है।

खबरों के मुताबिक, शहीद जवान की बेटी अपने परिवार के साथ ही रहेगी. उसकी खुद की इच्छा है कि वो अपने परिजनों के साथ ही रहे। उसका सारा खर्चा यह नौकरशाह दंपति उठाएगा और समय-समय पर बच्ची से मुलाकात भी करता रहेगा।

सोनल जिले की एसपी आरा के मुताबिक, अगर वह आईएएस या आईपीएस बनने की इच्छा रखती है या फिर किसी और फिल्ड में जाना चाहती है, तो हम उसकी हर संभव मदद करेंगे। वहीं आईएस यूनुस खान ने कहा कि शहीद के परिवार के दर्द को कम करना तो मुश्किल है मगर हम उनकी मुश्किलों को साझा कर दर्द कम करने की कोशिश कर रहे हैं। हम बच्ची को अच्छी शिक्षा देकर एक सच्चे नागरिक होने का फर्ज अदा कर रहे हैं।

बता दें कि 1 मई को पाकिस्तान की बर्बर कार्रवाई में भारत के दो जवानों की मौत हो गई थी, जिसमें परमजीत सिंह भी थे। पाकिस्तान ने इनके सिर काट दिये थे।