इस मुस्लिम देश पर आई बड़ी आफत, अज्ञात विमानों ने मचाया कोहराम

अफगानिस्तान के उत्तर-पूर्वी इलाकों में विदेशी लड़ाकू विमानों ने हवाई हमले किए हैं। इन लड़ाकू विमानों के रूस या ताजिकिस्तान के होने का शक है। इन हमलों से अफगान सरकार असहज महसूस कर रही है। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि लड़ाकू विमान आखिर किस देश के थे।

तखार प्रांत के गवर्नर के प्रवक्ता मोहम्मद जाविद हेजरी ने जानकारी देते हुए कहा कि दरकड़ जिले में नशीली दवाओं के तस्करों और ताजिकिस्तान सीमा पर लड़ाई हुई है। यहां पर लड़ाकू विमानों ने अचानक हमला बोल दिया।

इस हमले में दो ताजिक सीमावर्ती गार्डों की मौत हुई है। लेकिन माना जा रहा है कि इस हमले में कई लोगों की जानें गई हैं हालांकि अभी तक आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।

मोहम्मद जाविद हेजरी ने बताया कि सबसे पहले ताजिकिस्तान सीमा पर तैनात गार्डो ने रॉकेट से हमले किए थे जिसके बाद हवाई हमले हुए हैं। उन्होंने कहा कि लड़ाकू विमान विदेशी थे जो रूस या ताजिकिस्तान के हो सकते हैं। बता दें कि ताजिकिस्तान की सीमा वाले उत्तर-पूर्वी प्रांत में सुरक्षा पिछले कुछ महीनों में बिगड़ गई है।

तालिबान और अफगान सुरक्षा बलों के बीच संघर्ष यहां आए दिन होते रहे हैं। पिछले सप्ताह ही यहां पर सुरक्षाबलों ने तालिबान के कई ठिकानों पर हमला किया था। इसी महीने तखार प्रांत के दत्त-ए-कला जिले में तालिबान ने 12 पुलिसकर्मियों की हत्या कर दी थी।

बताया जाता है कि इन इलाकों में तालिबान का वर्चस्व अभी भी है। दरकड़ जिले में तस्करों का है बोलबाला दरअसल दरकड़ जिले में तस्करों का बोलबाला है।

ये तस्कर सीमा पार ताजिकिस्तान और रूस जाकर वहां के लोगों में जहर खोलते हैं। सीमा पार से हो रही नशीली दवाओं की तस्करी से रूस और ताजिकिस्तान की पुलिस काफी परेशान हो चुकी थी। माना जा रहा है कि तस्करों को सबक सिखाने के लिए ये हवाई हमले किए गए हैं।

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Posted by The Humanaty on Tuesday, April 3, 2018