व्हाट्स एप ने किया ये फीचर बंद, अफवाहों के खिलाफ उठाया बड़ा कदम

क्या आपने पिछले कुछ दिनों में व्हाट्स एप पर आये मैसेज पर ध्यान दिया है। पहले जहां मैसेज आने पर कुछ खास बातें नजर नहीं आती थी, वहीं अब फॉरवर्ड किये गए मैसेज पर फ़ॉर्वर्डेड लिखा होता है। वास्तव में मैसेजिंग एप व्‍हाट्स एप फर्जी खबरों पर लगाम लगाने के लिए एक नए फीचर की टेस्टिंग कर रहा है।

व्‍हाट्स एप के जरिए आप जो भी मैसेज, फोटो या वीडियो पोस्‍ट करते हैं, उसकी सीमा तय की जा रही है। देश में अब लोग व्‍हाट्स एप के जरिए एक बार में सिर्फ 5 मैसेज को ही फॉरवर्ड कर सकेंगे। अगर आपने पांच मैसेज फॉरवर्ड कर दिया तो उसके बाद क्विक फॉरवर्ड बटन काम करना बंद कर देगा। अभी इसकी टेस्टिंग चल रही है।

व्‍हाट्स एप अगर अपने इस नए फीचर को लागू कर देता है आप एक अकाउंट से किसी मैसेज को सिर्फ 5 बार फॉरवर्ड कर सकेंगे। अगर आपने किसी एक मैसेज को पांच लोगों को फॉरवर्ड कर दिया तो उसके बाद उस मैसेज को फॉरवर्ड करने का बटन काम करना बंद कर देगा।

इस बारे में व्‍हाट्स एप ने एक ब्‍लॉग पोस्‍ट में भी जानकारी दी है। उसने लिखा है कि हम व्‍हाट्स एप पर मैसेज फॉरवर्ड करने की सीमा की टेस्टिंग कर रहे हैं। यह व्हाट्स एप के हर यूजर के लिए लागू होगा। ब्लॉग पोस्ट में कहा गया है, भारत में लोग दुनिया के किसी भी दूसरे देश से ज्यादा मेसेज, फोटोज़ और वीडियो फॉरवर्ड करते हैं।

हम एक बार में व्हाट्स एप पर 5 चैट के लिए लिमिट टेस्ट कर रहे हैं। इसके बाद मीडिया मैसेज के पास बना क्विक फॉरवर्ड बटन हट जाएगा। इस समय भारत में 25 करोड़ से ज्यादा लोग व्‍हाट्स एप इस्तेमाल करते हैं। इस हिसाब से भारत दुनिया में व्‍हाट्स एप का सबसे बड़ा बाजार है।

पिछले कुछ समय में व्‍हाट्स एप पर वायरल वीडियो और मैसेज के जरिए सामूहिक हिंसा की कई खबरें सामने आ चुकी हैं। केंद्र सरकार और कोर्ट ने व्‍हाट्स एप से इस संबंध में एक्शन लेने को कहा है। केंद्र सरकार ने हाल में ही व्हाट्स एप को दूसरा नोटिस भी भेजा है।

केंद्र सरकार के इलेक्ट्रोनिक्स एवं आईटी मंत्रालय ने पहले भी व्हाट्स एप को कई चेतावनी जारी की है। इसमें भड़काऊ और गैर जिम्मेदार मैसेज पर प्रतिबंध लगाने की बात की गयी है। इस तरह के सन्देश से अफवाह फैलाने और सामूहिक अपराध में मदद मिलती है।

देश में पिछले कुछ समय में मॉब लिंचिंग (सामूहिक हिंसा) की घटना बढ़ी है। सरकार और क़ानूनी एजेंसियां इसमें व्हाट्स एप मैसेज की बड़ी भूमिका मानती हैं। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने भी देश में मॉब लिंचिंग की बढ़ी घटनाओं पर काबू पाने के लिए सरकार और क़ानूनी एजेंसियों को कड़े कदम उठाने या कानून बनाने को कहा है।